*महाकुम्भ में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पूरी श्रद्धा और आस्था के साथ किया त्रिवेणी संगम में पावन स्नान*
*पावन डुबकी के बीच महामहिम ने भगवान सूर्य को दिया अर्घ्य, की मां गंगा, यमुना और सरस्वती की अराधना*
*संगम स्नान के बाद तीर्थ पुरोहितों की मौजूदगी में राष्ट्रपति ने विधिवत की पूजा-अर्चना*
*संगम के जल में अर्पित किया अक्षत, नैवेद्य, पुष्प और फल, आरती भी उतारी*


त्रिवेणी संगम पर डुबकी लगाने से पूर्व राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सपरिवार विधिवत पू्जा अर्चना की। संगम में उतरने से पहले राष्ट्रपति ने सबसे पहले पूर्ण आस्था के साथ जल को स्पर्श कर आशीर्वाद लिया और फिर पवित्र जल में फूल माला और नारियल अर्पित कर समस्त राष्ट्र की समृद्धि और शांति की मनोकामना की। इसके बाद उन्होंने भगवान सूर्य की अराधना की और अर्घ्य देकर प्रणाम किया। इसके बाद उन्होंने पूरी श्रद्धा के साथ संगम में एक के बाद एक कई डुबकियां लगाईं। स्नान के बाद उन्होंने पूरे विधि विधान से पूजन अर्चन भी किया। राष्ट्रपति ने वैदिक मंत्रों और श्लोकों के बीच संगम त्रिवेणी का दुग्धाभिषेक किया। इसके बाद उन्होंने अक्षत, नैवेद्य, पुष्प, फल और लाल चुनरी अर्पित की। इसके बाद उन्होंने संगम स्थल पर तीनों पावन नदियों की आरती भी उतारी। वहां मौजूद तीर्थ पुरोहित ने उन्हें कलावा बांधकर अभिनंदन किया।
प्रयागराज पहुंचने पर राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने किया स्वागत
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के सोमवार सुबह प्रयागराज पहुंचने पर राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनका स्वागत और अभिनंदन किया। यहां से राष्ट्रपति अरैल घाट पहुंचीं, जहां से क्रूज पर सवार होकर वह त्रिवेणी संगम पहुंचीं। इस दौरान राष्ट्रपति ने डेक पर खड़े होकर नौका विहार का आनंद भी लिया और अपने हाथों से पक्षियों को दाना खिलाया। इस दौरान राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें महाकुम्भ के आयोजन और इससे जुड़ी अनेक व्यवस्थाओं की जानकारी भी दी।